
पीयवा परदेस में छाये सन्देस न आाये चौताल गीत | Piyawa Pardesh Me Chhaye Lyrics
पीयवा परदेसमें छाये सन्देस न आाये ||
सुन्दर मास फगुनवा सजनी पियबिन मोहिं न भाये ||
पियपिय बोल पपिहरा बोलत,
सुनि कामबिरह तनु छाये ||१ ||
बारे सैयां परदेस निकलगये नहिं कुछ खबर जनाये ||
नाग वो बाण बरस अब गुजरेहो,
मन अधिक उठत घबड़ाये ||२ ||
छाड़ि जनाना घर मरदाना पीयकर खोज कराये ||
धीर धरों जिय धीर न आवत,
तहं योबन जोर जनाये ||३ ||
निसिदिन बैठी पिया दिस देखत अबहुं पिया नहीं आये ||
लालबिहारी बिरह बस कामिनि,
पिय आइके बिरह छोरड़ाये ||४ ||
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